अपोलो अस्पताल में पिता की मौत की निष्पक्ष जांच की मांग, पुत्र ने कलेक्टर-एसपी संभाग आयुक्त समेत अन्य को सौंपा ज्ञापन
मृतक पिता उदय नारायण की रहस्यमयी मौत का आशंका

CG NEWS TIME
कोरबा जिले के ग्राम मलगांव हरदी-बाजार दीपका निवासी राजेश कुमार जायसवाल ने अपने पिता की उपचार के दौरान हुई मृत्यु को संदिग्ध बताते हुए मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है। इस संबंध में उन्होंने बिलासपुर कलेक्टर, पुलिस अधीक्षक संभाग आयुक्त समेत अन्य को लिखित ज्ञापन सौंपकर न्याय की गुहार लगाई है।
शिकायत में राजेश जायसवाल ने बताया कि उनके 81 वर्षीय पिता उदय नारायण जायसवाल को 14 अप्रैल 2026 को दाहिने पैर में तेज दर्द की शिकायत होने पर बिलासपुर स्थित अपोलो अस्पताल में भर्ती कराया गया था। अस्पताल में उनका उपचार चल रहा था, लेकिन 27 अप्रैल 2026 को उनकी मृत्यु हो गई। परिजनों का आरोप है कि मृत्यु रहस्यमयी एवं संदिग्ध परिस्थितियों में हुई, जिससे अस्पताल प्रबंधन की कार्यप्रणाली पर कई सवाल खड़े हो रहे हैं।
राजेश जायसवाल का कहना है कि उनके पिता की मृत्यु के कारणों को लेकर परिवार को संतोषजनक जानकारी नहीं दी गई। उन्होंने आशंका जताई है कि उपचार में लापरवाही अथवा अन्य गंभीर कारणों के चलते यह घटना हुई हो सकती है। इसलिए पूरे मामले की निष्पक्ष एवं उच्च स्तरीय जांच कराई जानी चाहिए, ताकि वास्तविक तथ्य सामने आ सकें।

ज्ञापन में उन्होंने भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) के प्रावधानों के तहत मामला दर्ज कर संबंधित जिम्मेदार व्यक्तियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने तथा कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। उन्होंने यह भी अनुरोध किया है कि अस्पताल में भर्ती से लेकर मृत्यु तक की समस्त चिकित्सकीय प्रक्रिया, उपचार संबंधी दस्तावेजों और चिकित्सकों की भूमिका की जांच कराई जाए।
राजेश जायसवाल ने बताया कि मामले को लेकर उन्होंने जिला पुलिस अधीक्षक एवं कलेक्टोरेट बिलासपुर में लिखित आवेदन प्रस्तुत किया है। उनका कहना है कि परिवार को न्याय दिलाने के लिए वे कानूनी प्रक्रिया का सहारा ले रहे हैं और पूरे मामले को सार्वजनिक रूप से भी सामने लाएंगे।
बिलासपुर में होगी प्रेस वार्ता
राजेश जायसवाल ने बताया कि अपोलो अस्पताल में उनके पिता के उपचार और मृत्यु से जुड़े मामले को लेकर जल्द ही बिलासपुर में प्रेस वार्ता आयोजित की जाएगी। इस दौरान वे मामले से संबंधित दस्तावेज, तथ्यों और अपनी शिकायत के बिंदुओं को मीडिया के समक्ष रखेंगे तथा निष्पक्ष जांच की मांग को प्रमुखता से रखेंगे।



